दशहरा
दशहरा आज रावण बोला क्यों जलाते हो मुझे बार बार हर साल, हा की थी गलती मैंने सीता को जो अग्वाह किया, पर उसके पीछे कारण भी तो मेरी बहन थी ना, अगर ना किया होता मेरी बहन के साथ दुर्वव्हार तो नही होता मुझसे ये पाप, अब हुई थी गलती मुझसे तो दिया मृत्यु दंड मुझे राम ने, और मुझे जलाना कोई महान काम नही, जलाओ अपने भीतर के रावण को और देखो फिर स्थापित हो जायेगा राम राज्य इस धरती पर, हा की थी गलती मैंने मिली सजा मुझे प्रभु श्री पुरुषोत्तम राम द्वारा, अब तुम अपने अंदर के रावण को मारो और राम बनके दिखलाओ ना, फिर हर दिन राम नवमी हो जायेगी! की फिर हर दिन राम नवमी हो जायेगी!